रहली का किला सागर जिले का एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक स्थान है। यह किला सागर जिले के पास रहली तहसील में बना हुआ है। यह मुख्य रहली तहसील के अंदर बना हुआ है। यहां पर आप आसानी से जा सकते हैं। यह किला प्राचीन है।
अगर किसी को इतिहास और धार्मिक स्थल को देखने का शौक है, तो इस जगह जरूर आना चाहिए। इस जगह में आपको रहली का किला (Rehli Fort) और रहली के आसपास स्थित ढेर सारे ऐतिहासिक स्थान देखने के लिए मिलते हैं। आज इस लेख में हम रहली का किला और रहली के आसपास के पर्यटन स्थलों के बारे में जानकारी

सागर के पास रहली किले की यात्रा (Trip to Rehli Fort near Sagar)
रहली का किला मध्य प्रदेश (Rehli Fort Madhya Pradesh) के ऐतिहासिक स्थलों में से एक है। रहली का किला सागर जिले के पास रहली तहसील में बना हुआ है। किले के अंदर आपको प्राचीन महल देखने के लिए मिलता है। इस किले तक आने के लिए सड़क मार्ग बना हुआ है। इस किले में आप अपने वाहन से या पब्लिक ट्रांसपोर्ट से आसानी से आ सकते हैं। यह किला रहली शहर में सुनार नदी के पास में ही बना हुआ है।
रहली का किला (Rehli Fort) को आप बाहर से देख सकते हैं, क्योंकि किले का दरवाजा बंद रहता है। किले का जो प्रवेश द्वार है। वह बहुत ही भव्य लगता है और प्राचीन है। यह किला चारों तरफ से बाउंड्री वॉल से घिरा है। किले के बाहर से आप किले के प्राचीन बुर्ज देख सकते हैं, जो अभी सही सलामत है और अच्छी तरह से खड़े हुए हैं। मगर वक्त के साथ यह भी धीरे-धीरे खंडार में तब्दील होते जा रहे हैं।
किले के अंदर महल बना हुआ है, जो बहुत ही सुंदर और प्राचीन है। यहां पर खाली मैदान है, जहां पर पेड़ पौधे उग गए हैं और धीरे-धीरे यहां पर जंगल होते जा रहा है और महल खंडहर में तब्दील होते जा रहा है। यहां पर कहीं पर दीवार गिर गई है, जिससे लोग किले के अंदर प्रवेश कर जाते हैं और किले में घूमते हैं।
किले के पास में ही प्राचीन शानी मंदिर बना हुआ है, जिसके आप दर्शन कर सकते हैं। यह शनि मंदिर प्राचीन है। यहां पर शनिवार के दिन बहुत सारे लोग आते हैं और शनि भगवान जी के दर्शन करते हैं। किले में ऊपर जाने के लिए सीढ़ियां बनी हुई है, जिससे आप किले के ऊपर भी जा सकते हैं और ऊपर से चारों तरफ का दृश्य देख सकते हैं।

रहली के किले का इतिहास (History of Rehli Fort)
रहली के किले (Rehli Fort) का निर्माण 16वीं से 17वीं शताब्दी में यहां के अहीर शासको द्वारा करवाया गया था। 14वीं शताब्दी में रहली पर यदुवंशी अहीर शासको का अधिपत्य स्थापित हो गया था। 18वीं शताब्दी के पूर्व में यह किला छत्रसाल साम्राज्य में आया और सन 1731 में छत्रसाल ने पेशवा को यह किला सौंप दिया। सन 1818 में यह किला अंग्रेजों के अधीन आया, किंतु 1857 की क्रांति के समय यह किला क्रांतिकारियों का केंद्र रहा था।
किले की स्थापत्य शैली
रहली का किला (Rehli Fort) अपनी मजबूत और व्यावहारिक स्थापत्य शैली के लिए जाना जाता है। इसका निर्माण मुख्य रूप से सुरक्षा को ध्यान में रखकर किया गया था।
स्थापत्य की प्रमुख विशेषताएं
- मोटी और ऊँची पत्थर की दीवारें
- विशाल प्रवेश द्वार
- चौकोर और गोल बुर्ज
- किले के भीतर खुले प्रांगण
- निगरानी के लिए ऊँचे स्थान
पर्यटन की दृष्टि से रहली का किला
रहली का किला सागर (Rehli Fort Sagar) जिले का एक ऐतिहासिक स्थान है। अगर आपको ऐतिहासिक स्थान देखने का शौक है, तो आप यहां पर आकर इस किले को देख सकते हैं। यह किला प्राचीन है और बहुत सुंदर है। यहां आने वाले पर्यटक:
- प्राचीन किले की संरचना देखते हैं
- इतिहास को नजदीक से महसूस करते हैं
- फोटोग्राफी और अध्ययन का आनंद लेते हैं
यह स्थान विशेष रूप से इतिहास प्रेमियों और शोधकर्ताओं के लिए आकर्षण का केंद्र है।
रहली का किला कैसे पहुंचें (How to Reach Rahli Fort)
सड़क मार्ग : रहली सागर जिले में स्थित एक प्रमुख कस्बा है और सागर शहर से सड़क मार्ग द्वारा अच्छी तरह जुड़ा हुआ है। सागर से बस या टैक्सी द्वारा रहली आसानी से पहुंचा जा सकता है।
रेल मार्ग : रहली का निकटतम रेलवे स्टेशन सागर रेलवे स्टेशन है, जो मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है। आप सागर रेलवे स्टेशन में अन्य शहरों से आ सकते हैं और उसके बाद रहली सड़क मार्ग के द्वारा पहुंच सकते हैं।
हवाई मार्ग : रहली का सबसे नजदीकी हवाई अड्डा राजा भोज एयरपोर्ट, भोपाल है, जो रहली से लगभग 170 किलोमीटर दूर स्थित है। आप भोपाल आ सकते हैं और उसके बाद रहली आ सकते हैं।
रहली किले का गूगल मैप लोकेशन
रहली का किला में घूमने का सबसे अच्छा समय (Best Time to Visit Rahli Fort)
रहली किला (Rehli Fort) में घूमने का सबसे अच्छा समय ठंड का रहता है। आप यहां पर ठंड के समय आ सकते हैं और रहली के सभी स्थानों की सैर कर सकते हैं। रहली में ढेर सारे ऐतिहासिक और धार्मिक स्थल है, जहां पर आप घूम सकते हैं। ठंड का मौसम सुहावना रहता है, जो किले और अन्य स्थान की सैर के लिए बहुत बढ़िया रहता है।
रहली के आसपास दर्शनीय स्थल
रहली के किले (Rehli Fort) के साथ-साथ आसपास कई अन्य दर्शनीय स्थल भी हैं:
- सूर्य मंदिर रहली
- गढ़ाकोटा
- एरण के ऐतिहासिक अवशेष
- सागर झील
- नौरादेही अभयारण्य
- आपचंद की गुफा सागर
- टिकीटोरिया देवी मंदिर
- गढ़पहरा हनुमान मंदिर सागर
इन सभी स्थलों को मिलाकर सागर जिला एक समृद्ध पर्यटन क्षेत्र बनता है।
संरक्षण की आवश्यकता
रहली का किला (Rehli Fort) हमारी ऐतिहासिक धरोहर है, जिसका संरक्षण अत्यंत आवश्यक है। हमें:
- किले को नुकसान न पहुंचाने
- साफ-सफाई बनाए रखने
- इसके ऐतिहासिक महत्व के प्रति जागरूकता फैलाने
जैसे प्रयास करने चाहिए ताकि यह धरोहर आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रह सके।
निष्कर्ष
रहली का किला, सागर मध्य प्रदेश की गौरवशाली ऐतिहासिक धरोहरों में से एक है। यह किला वीरता, रणनीति और स्थापत्य कला का सजीव प्रमाण है। इसकी दीवारें आज भी उस युग की कहानी कहती प्रतीत होती हैं, जब यह क्षेत्र शक्ति और संघर्ष का केंद्र था।
यदि आप सागर जिले या बुंदेलखंड क्षेत्र की यात्रा कर रहे हैं, तो रहली का किला अवश्य देखें। यह स्थल आपको इतिहास, साहस और संस्कृति का अनूठा अनुभव प्रदान करेगा।
